CRPF Jawan Martyr Mujahid Khan Body Teach Parental Village Bihar Finish Funeral

News

जब तक सूरज चांद रहेगा...शहीद मोजाहिद के जनाजे में उमड़ा जन सैलाब, बहादुर भतीजी पूरा करेगी सपना

by Shweta Mishra

Wed 14-Feb-2018 04:09:18

crpf jawan martyr,mujahid khan,martyr mujahid khan,crpf jawan mujahid khan,mujahid khan funeral,crpf mujahid body bihar,awan martyr in sunjwan,crpf jawan police honour

हाल ही में श्रीनगर में आतंकवादियों से लोहा लेने में शहीद हुए सीआरपीएफ की जवान मोहम्मद मोजाहिद खान का पार्थिव शरीर आज सुबह ब‍िहार पहुंचा। यहां पैतृक गांव में राजकीय सम्‍मान के साथ शहीद का पार्थि‍व शरीर सुपुर्द-ए-खाक हुआ है। इस दौरान शहीद की अंति‍म यात्रा में जनसैलाब उमड़ा रहा। शहीद मोजाहिद अमर रहे के नारों की गूंज के बीच लोगों ने उसे नम आखों से अंत‍िम व‍िदाई दी गई। वहीं शहीद की भतीजी ने ह‍िम्‍मत द‍िखाते हुए कहा क‍ि अब वह चाचा का सपना पूरा करेगी...

मोजाहिद खान तेरा नाम रहेगा, के नारे लगाए
श्रीनगर में आतंकवादियों से लोहा लेने में शहीद हुए सीआरपीएफ की 49वीं बटालियन के जवान मोहम्मद मोजाहिद खान शहीद हो गए थे। इस दौरान आज उनका का पार्थिव शरीर सुबह पीरो नगर के वार्ड 14 स्थित उसके घर लाया गया। इस दौरान ब‍िहार के इस शहीद लाल के दर्शन के ल‍िए हजारों की संख्‍या में लोग जुटे रहे। उसके जनाजे में लोगों ने वहां पर जब तक सूरज चांद रहेगा, मोजाहिद तेरा नाम रहेगा, के नारे लगाए...। इसके अलावा 'पाकिस्तान मुर्दाबाद' के नारे भी लगाए। इसके बाद राजकीय सम्‍मान के साथ मोहम्मद मोजाहिद खान के पार्थि‍व शरीर सुपुर्द-ए-खाक किया गया।

शहीद मोजाहिद के अंति‍म दर्शन के ल‍िए पहुंचे लोग
शहीद को अंतिम व‍िदाई देने के ल‍िए सीआरपीएफ के डीआईजी मो सज्जानुद्दिन, सीआरपीएफ 47 वी बटालियन के डीसी एके ठाकुर, सीआरपीएफ 47 वी बटालियन के कमांडेंट भूपेंद्र यादव,  इंसपेक्टर विनोद कुमार यादव, हवलदार नवीन कुमार, कांस्टेबल शिव कुमार राय, रवि भूषण सिंह, मंटू कुमार सिंह, इद्रीस खान, पंकज कुमार, संतोष कुमार, जसवीर सिंह पोगाट तारिक अनवर आदि मौजूद रहे। इसके अलावा राजद विधायक राम विशुन सिंह लोहिया, पूर्व केंद्रीय  मंत्री  डॉ कांति सिंह, विधायक अरुण यादव, तरारी विधायक  सुदामा प्रसाद समेत कई नेताओ ने अंति‍म दर्शन क‍िए।

भतीजी ने द‍िखाई बहादुरी बहते आसुओं संग दी परीक्षा
मोजाहिद के बड़े भाई इम्तेयाज खान और मंझले भाई अकलाक खान भी खबर म‍िलते ही दुबई से यहां रात में पहुंच गए थे। इस दौरान पर‍िजनों का रो-रोकर बुरा हाल है लेक‍िन वह बेटे की शहादत पर गर्व भी महसूस कर रहे हैं। इम्तेयाज की बेटी रौशन जहां अपने चाचा के गम में डूबी थी वहीं उसने चाचा की बातों को यादकर बहादुरी द‍िखाई। चाचा की शहादत का गम लिए वह इंटर की परीक्षा में शामिल हुई। उसका कहना था क‍ि उसके चाचा का सपना था क‍ि वह पढ़-लिखकर ऊंचा मुकाम हासिल करें। ऐसे में अब वह जरूर अपने चाचा की इच्छा पूरी करेगी। परीक्षा केंद्र पर भी उसकी आंखों से आंसू थम नहीं रहे थे।
डाकघर से ज्‍यादा तो रोज देश के इस बड़े अस्‍पताल में आते हैं हजारों लेटर, डॉक्‍टर परेशान, जानें कौन भेज रहा

National News inextlive from India News Desk

Related News
+