Failed Fire Hydrant, Running Vehicles for Water

Local

फेल हुए फायर हाईड्रेंट, पानी के लिए दौड़ती रही गाडि़यां

Thu 12-Oct-2017 07:01:14

मुंडेरा मंडी में ट्रांसपोर्टर के गोदाम में लगी आग ने छुड़ाए फायरकर्मियों के पसीने, मदद में बुलानी पड़ी सेना

पेंट और थिनर के साथ दवा की शीशियां बीच- बीच में धमाके साथ फूट रही थीं

केमिकल और दवाओं में आग लगने से धुंआ बन गया था जहरीला

लोगों को आंखों में जलन के सांस लेने में हो रही थी काफी दिक्कत

ALLAHABAD: नियमों को ताक पर रख कर चल रहे ट्रांस्पोर्ट गोदाम में बुधवार को अचानक भीषण आग लग गई। आग लगते गोदाम में मौजूद लोग इधर- उधर भागने लगे। गोदाम में रखे पेंट, थीनर के धमाके से अफरा तफरी मच गई। गोदाम में रखी दवाओं में आग लगी तो उससे निकलने वाल धुंए से लोगों की आंखों में जलन व सांस लेने में दिक्कत की समस्या भी सामने आई। सुबह करीब साढ़े आठ बजे लोगों ने इसकी जानकारी फायर ब्रिगेड को दी तो कई गाडि़यां मौके पर पहुंची। आग की भयावहता को देखते हुए फायर विभाग ने वायु सेना से मदद मांगी। फिर सेना व फायर विभाग के जवानों के संयुक्त प्रयास से घंटों बाद आग पर काबू पाया जा सका.

धूमनगंज थाना क्षेत्र के मुंडेरा मंडी में रमेश चन्द्र पाठक दिल्ली, कानपुर ट्रांस्पोर्ट व जयपुर ट्रांस्पोर्ट को संचालित करते हैं। मंगलवार रात में उनके गोदाम में किन्ही कारणों से आग लग गई। बुधवार सुबह करीब साढ़े आठ बजे उधर से गुजर रहे लोगों की नजर गोदाम से निकल रहे धुंए पर पड़ी तो उन्होंने स्थानीय पुलिस और फायर ब्रिगेड को सूचना दी। जब तक फायर ब्रिगेड की गाडि़यां मौके पर पहुंचीं, आग ने गोदाम को पूरी तरह से अपनी चपेट में ले लिया था। तब तक ट्रांसपोर्टर रमेश पाठक भी मौके पर पहुंच गए थे। रास्ता संकरा होने के कारण फायर ब्रिगेड के जवानों को गोदाम तक पहुंचने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। आग इतनी भीषण थी कि फायर विभाग की चार गाडि़या भी उस पर काबू पाने में अक्षम साबित हो रही थीं। तब फायर सर्विस के अधिकारियों ने वायु सेना के अधिकारियों से मदद मांगी। थोड़ी देर बाद ही वायु सेना के जवान दो गाडि़यों के साथ मौके पर पहुंचे और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया.

आग पर काबू के लिए तोड़ी दिवार

आग इतनी भीषण थी कि जैसे ही फायरकर्मियों ने गोदाम का गेट खोला अंदर से निकले धुंए के कारण उनकी अंदर घुसने की हिम्मत जवाब दे गई। तब फायरकर्मियों ने गोदाम की दिवार तोड़ दी। दिवार टूटते ही अंदर से आग की लपटें और धुंआ निकलने लगा। तब टूटे दिवार से अंदर पानी डालकर आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया गया। अंदर लगी भीषण आग से दिवार पूरी तरह से गर्म हो चुकी थी और अंदर से निकलने वाला धुंआ आंखों में तेज जलन के साथ सांस लेने में भी दिक्कत पैदा कर रहा था।

एक के बाद एक कई धमाके

फायर विभाग के अधिकारियों के मुताबिक गोदाम में मेडिकल संबंधित दवाओं के अलावा थीनर के सैकड़ो डिब्बे, पेंट, किराने का सामान, लोहे का सामान व कई प्रकार के केमिकल आदि रखे थे। इनमें थीनर व पेंट के डिब्बों में आग लगते ही वे एक के बाद एक धमाकों की शक्ल में फूटने लगे। दवाओं में आग लगने से धुंआ काफी खतरनाक हो गया था। आग से अंदर रखी लिक्विड दवाओं की शीशी भी लगातार धमाके साथ फूट रही थी।

बारूद का ढेर बना हुआ था गोदाम

आग पर काबू पाने के बाद फायर विभाग के अधिकारियों ने जांच की तो वहां कई खामियां नजर आई। गोदाम मालिक ने एक की बजाय दो गोदाम खोल रखा था। यही नहीं फायर संबंधित मानकों का तो कोई पता ही नहीं था। फायर बिग्रेड के मानक के अनुसार 250 वर्ग मीटर एरिया से अधिक होने पर फायर इक्यूप्मेंट, होज रील व 25 हजार लीटर पानी का टैंक होना जरुरी होता है। ऐसा वहां कुछ भी नहीं मिला।

ट्रांस्पोर्ट गोदाम में लगी आग काफी भीषण थी। घंटों की मशक्कत के बाद काबू पाया गया। गोदाम संचालक नियम के विपरित संचालन कर रहे थे। घटना की जांच की जा रही है। आग लगने के कारणों का पता लगाया जा रहा है। जल्द ही सभी गोदाम मालिकों को नोटिस भेजा जाएगा.

आरएस मिश्रा, सीएफओ

शहर में किस हाल में हैं आग लगने पर बचाने वाले उपकरण

62

स्थानों पर शहर में लगे है फायर हाइड्रेंट, जलकल की ओर से फायर ब्रिगेड को दी गई सूची के अनुसार

40

स्थानों पर लगे फायर हाइड्रेंट को ठेकेदारों ने सड़क मरम्मत या नवनिर्माण के दौरान नीचे दबा दिया है

22

में कुछ के पाइप खराब हैं तो कई ऐसे हैं जिनके गड्ढों को लोगों ने कूड़ा डालकर पाट दिया है

270

आग लगने की कुल छोटी- बड़ी घटनाएं इस साल अब तक हो चुकी हैं जिले में

04

लोगों की मौत हो चुकी है जनवरी से लेकर मार्च के बीच आग लगने की घटनाओं में

70

नलकूप लगे हैं शहर में, इसमें जोन वन में 13, जोन वन- ए में 12, जोन टू में 20 और जोन थ्री में 5 एवं जोन फोर में 20 नलकूप हैं

17

नलकूप खराब हैं। 53 में अधिकांश की पाइप ओवर साइज है तो कुछ के पाइप में हाइड्रोलिक प्लेटफार्म अर्थात फ्लैंज नहीं लगे हैं

इस साल की बड़ी घटनाएं

24

फरवरी को कटरा निवासी सुमित जायसवाल के घर में लगी आग

28

मार्च कटरा में ही राजलक्ष्मी कलेक्शन में लगी भीषण आग

22

मार्च को जानसेनगंज स्थित रंजीत ट्रेडर्स में लगी आग

14

मई को लालकोठी के पीछे जायका रेस्टोरेंट कर्मचारी के घर लगी आग, एक की मौत

10

मई को मुट्ठीगंज स्थित संजय गुप्ता के मोटर पा‌र्ट्स की दुकान में आग

18

अप्रैल 2017 को बकरा मंडी में फर्नीचर की दुकान व तीन फ्लोर बिल्डिंग में लगी आग

इस साल अब तक हुई घटनाएं

माह घटनाएं

जनवरी 25

फरवरी 20

मार्च में 60

अप्रैल 105

inextlive from Allahabad News Desk

Related News