जीएसटी से उलझी बेकरी प्रोडक्ट्स की गणित

Mon 17-Jul-2017 07:40:49

- 18 प्रतिशत स्लैब में केक, पेस्ट्री, जैम, सॉस हुए शामिल

- कुछ ही बेकरी प्रोडक्ट्स के रेट रिवाइज हुए हैं

MEERUT। जीएसटी में मिडिल क्लास के कुछ पसंदीदा बेकरी प्रोडक्ट्स को 18 प्रतिशत के स्लैब में शामिल कर उनकी मिठास कम कर दी गई है। हालांकि अभी कुछ ही बेकरी प्रोडक्ट्स के रेट रिवाइज हुए हैं लेकिन उम्मीद है कि जल्द ही केक, पेस्ट्री और टमैटो सॉस जैसे प्रोडक्ट के दाम में इजाफा होगा।

वर्जन

जीएसटी का गणित अभी लोकल बेकर्स को पूरी तरह समझ नही आया है। दूध, दही, बटर मिल्क, ब्रेड आदि को जीरो स्लैब में रखा गया है जबकि इनसे बनने वाली पेस्ट्री व केक को 18 प्रतिशत स्लैब में, ऐसे में प्रोडक्ट के रेट अभी ना घटे हैं ना बढ़ाए गए हैं.

- अंकित वशिष्ठ, श्री बेकर्स

बेकरी प्रोडक्ट्स को 12 व 18 प्रतिशत में शामिल किया गया है। पास्ता, पेस्ट्री केक, वेजिटेबल जैम, सूप, आइसक्रीम सब 18 प्रतिशत में शामिल हैं। ऐसे में दाम बढ़ना है लेकिन अभी तक नई बिलिंग बेकर्स को नही मिली है। नई बिलिंग आने पर ही रेट रिवाइज होगा.

- प्रतीक गुप्ता, गुप्ता बेकर्स

जीएसटी के बाद जल्द ही ब्रांडेड कंपनियों के प्रोडक्ट के रेट मे फर्क आए। यह बढे़गा या कम होगा यह अभी नही कहा जा सकता। अभी तक बेकर्स पुराने माल निकालने को जुटे हैं। इसलिए कस्टमर को भी अभी दाम में कोई अंतर नही मिल रहा।

- कनिष्क, कान्हा बेकर्स

अभी तक अधिकतर बेकर्स बिना बिल के ही आम जनता को डेयरी प्रोडक्ट दे रहे हैं। केक से लेकर पेस्ट्री, पेटीज सबकुछ बिना बिल के बेचा जा रहा है। ऐसे में जीएसटी किस मद में इन लोकल प्रोडक्ट पर लागू होगी यह कुछ समय बाद ही पता चलेगा.

- सुशील कर्दम

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Web Title : GST Impacts On Bakery Market