लोगों ने लूट ली राहुल की खाट सभा की खटिया

2016-09-06T05:23:30+05:30

GORAKHPUR कांग्रेस के उपाध्यक्ष राहुल गांधी की रैली में भीड़ तो जमकर हुई लेकिन उसके बाद का जो नजारा था वह लोगों को लोटपोट करने के लिए काफी था राहुल रुद्रपुर के सतासी इंटर कॉलेज के मैदान में ऑर्गनाइज खाट सभा में पहुंचे खाट सभा में राहुल गांधी लगभग 55 मिनट रहे उन्होंने लोगों को संबोधित किया और बताने की कोशिश की कि किसानों की समस्याओं की ओर सरकार का ध्यान खींचने के लिए ही वह किसान महायात्रा पर निकले हैं जैसे ही राहुल संबोधन खत्म कर मंच से उतरने लगे तो वहां मौजूद किसानों के बीच खटिया लूटने की होड़ मच गई देखतेदेखते अधिकतर खटिया उठाकर लोग ने घरों का रुख किया आलम यह था कि कई लोग खटिया लूटने के लिए आपस में लड़ बैठे कई लोगों ने तो दो से तीन खटिया अपने सिर पर उठा लिया और लेकर जाने लगे लगभग पंद्रह सौ खटिया लोग घर लेकर चले गए एक तरह से खाट को गरीबी का प्रतीक बनाकर किसानों से जुडऩे निकले राहुल गांधी की खटिया ही लोगों ने लूट ली

लुट गया लड्डू और पानी
रुद्रपुर की खाट सभा में आमंत्रित किसानों में बांटने के लिए पानी और लड्डू की भी व्यवस्था की गई थी. इसके लिए जिम्मेदारों ने करीब 40 किग्रा लड्डू और पीने के लिए करीब सौ गत्ते पानी मंगवाए थे. राहुल के जाते ही एक तरफ जहां खाट लूटने की होड़ लग गई, वहीं दूसरी तरफ भीड़ ने वहां मिल रहे लड््डू और पानी की बोतलों पर भी हमला बोल दिया. कई लोगों ने तो ऐसे लड्डू निकाले जैसे वह रैली में नहीं बल्कि लूट-पाट ही करने आएं हों.
टूट भी खटिया
सभा में किसानों के साथ कांग्रेसियों की जबरदस्त भीड़ थी, जो पहले से खाट पर कब्जा जमाए बैठे थे. आगे बिछाई गई कुछ खाटों पर ही चुनिंदा किसानों को बैठाया गया था, जबकि बीच से लेकर पीछे तक की खाटों पर भीड़ का कब्जा था. कुछ लोग पीछे की खाटों पर बैठे थे तो काफी लोग उस पर खड़े भी हो गए. इस कारण दर्जनों खटिया भीड़ के दबाव में टूट गई. संचालक राजेश मिश्र बार-बार लोगों से बैठने का अनुरोध कर रहे थे, लेकिन उसका कोई असर नहीं हुआ. सभा में आए काफी लोग राहुल को सुनने के साथ घटिया के जुगाड़ में जुटे थे.
नाराज दिखे गुलाम नबी आजाद
रुद्रपुर की खाट सभा में अव्यवस्था देखकर उत्तर प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी गुलाम नबी आजाद खासे नाराज दिखे. उन्होंने कई पदाधिकारियों से इस बारे में अपनी नाराजगी व्यक्त की. उन्हें इस बात का भी मलाल था कि खाट सभा में खाट पर किसानों की बजाय कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भीड़ बैठ गई थी. वहीं पचलड़ी गांव में उन्होंने पांच किसानों के घरों में जाकर किसान यात्रा की शुरुआत की, लेकिन प्रचार के अनुरूप वह दलित बस्ती में नहीं पहुंच सके. इस कारण दलित बस्ती की महिलाओं ने नाराजगी जताई.
इसमें राहुल का क्या दोष
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सदस्य राजीव शुक्ल राहुल की किसान महायात्रा को नई शुरुआत बताते हैं. वह कहते हैं कि यात्रा का मकसद किसानों की उन समस्याओं की ओर ध्यान दिलाना है, जो सरकार की प्राथमिकता से बाहर हो गई हैं. इसमें राहुल कामयाब हुए हैं. यात्रा की शुरुआत अच्छी है. जनता का भरपूर समर्थन मिला है. उन्होंने कहा कि खाट सभा से कोई खाट उठा ले जाए तो इसमें राहुल का क्या दोष है. वह तो जिस मकसद से आए हैं उसे पूरा कर रहे हैं.


This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.