जानें कश्‍मीर को लेकर क्‍यों चर्चा में है यूनेस्‍को

2018-05-04T03:55:12+05:30

कश्‍मीर को लेकर यूनेस्‍को भारत में चर्चा का विषय बना हुआ है। सोशल मीडिया पर भी बवाल मचा हुआ है। दरअसल इन सबके पीछे एक रिपोर्ट है जिसमें कश्‍मीर का अलग तरीके से जिक्र किया गया है।

राष्ट्र सूची में इंडिया प्लस कश्मीर दिखाया गया
नई दिल्ली (प्रेट्र)।
यूनेस्को की प्रेस फ्रीडम पर रिपोर्ट में देश वर्ग में इंडिया प्लस कश्मीर दर्शाया गया है। गुरुवार को जारी इस रिपोर्ट पर लोगों ने सवाल उठाया। पूछा गया कि क्या कश्मीर को अलग देश माना गया है? वर्ल्‍ड प्रेस फ्रीडम डे के मौके पर यूनेस्को के कार्यालय में यूनेस्को इंटरनेशनल फ्रीडम ऑफ जर्नलिस्ट रिपोर्ट 'कठोर नीति और साहस-दक्षिण एशिया प्रेस आजादी रिपोर्ट 2017-18' जारी की गई।

इसका किसी खास राजनीतिक हित से लेना-देना नहीं
रिपोर्ट जारी होने के बाद सवाल जवाब के सत्र में पूछा गया कि आखिर कश्मीर को भारत के साथ अलग से क्यों दर्शाया गया है। यह भी सवाल उठा कि क्या कश्मीर को एक अलग देश माना गया है। आइएफजे के दक्षिण एशिया समन्वयक उज्ज्वल आचार्य ने कहा कि इस मुद्दे का किसी खास राजनीतिक हित से लेना-देना नहीं है।
दक्षिण एशिया में कश्‍मीर ज्‍यादा उथल-पुथल वाला क्षेत्र
कश्मीर को इसलिए शामिल किया गया है क्योंकि दक्षिण एशिया में इसे सबसे ज्यादा उथल-पुथल वाला क्षेत्र माना जाता है। पिछले वर्ष रिपोर्ट में पांच-छह जोन को शामिल किया गया था। इन क्षेत्रों को अभिव्यक्ति की आजादी के लिहाज से उथल-पुथल वाला माना गया था। इस बार कश्मीर पर विशेष ध्यान दिया गया है।
#WorldPressFreedomDay : 'बोल कि लब आजाद हैं तेरे', ऐसा कहां है दुनिया में
दार्जिलिंग के ट्वॉय ट्रेन से छीन सकता है विरासती दर्जा, यूनेस्‍को ने दी चेतावनी
दुनिया की 10 धरोहरें, UNESCO की लिस्‍ट से



This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.