Mission Shakti पर चीन और पाकिस्तान की प्रतिक्रिया

2019-03-27T06:02:21+05:30

भारत द्वारा अंतरिक्ष में ASAT के सफल परीक्षण पर चीन ने कहा कि उसे उम्मीद है कि इंडिया स्पेस में शांति बनाए रखेगा। वहीं पाकिस्तान ने कहा कि अंतरिक्ष में किसी भी तरह की सैन्यकरण नहीं होनी चाहिए।

बीजिंग (पीटीआई)। भारत ने बुधवार को एक लाइव सैटेलाइट को एंटी सैटेलाइट वेपन (A-SAT) से गिराकर अपना नाम स्पेस सुपरपावर की लिस्‍ट में शामिल करा लिया है। भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बात की घोषणा की। इसपर चीन ने बुधवार को कहा कि उसे उम्मीद है कि अंतरिक्ष में सभी देश शांति और धीरज बनाये रखेंगे। बता दें कि A-SAT के सफल परीक्षण के बाद भारत को बड़ी उपलब्धि मिली है। रूस, चीन और अमेरिका के बाद भारत ऐसा कारनामा करने वाला दुनिया का चाैथा देश बन गया है।  चीन के विदेश मंत्रालय ने अपने आधिकारिक बयान में कहा, 'हमने उन रिपोर्टों पर गौर किया है और आशा करते हैं कि प्रत्येक देश अंतरिक्ष में शांति और धीरज बनाए रखेंगे।' चीन ने जनवरी 2007 में ऐसा परीक्षण किया था, तब उसकी एंटी-सैटेलाइट मिसाइल ने एक मौसम उपग्रह को नष्ट कर दिया था।
सभी इंसान के लिए अंतरिक्ष एक साझा विरासत
A-SAT के सफल परीक्षण पर पाकिस्तान ने सभी देशों से अंतरिक्ष में किसी भी तरह का सैन्यकरण नहीं करने का अनुरोध किया है। रॉयटर्स की रिपोर्ट के मुताबिक पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, 'दुनिया और सभी मानव जाति के लिए अंतरिक्ष एक साझा विरासत है, इसलिए हर देश को यहां सैन्यकरण करने से बचना चाहिए।' इसके बाद भारत का नाम लिए बिना मंत्रालय ने कहा, 'हमें उम्मीद है कि जिन देशों ने पहले दूसरों द्वारा इस तरह का परिक्षण किये जाने की कड़ी निंदा की है, वे अंतरिक्ष में सैन्य खतरों को समझेंगे और इसको रोकने का काम करेंगे।'

A-SAT क्षमता वाला दुनिया का चाैथा देश बना भारत, जानिए मिशन शक्ति से जुड़ी हर जानकारी


This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.