उत्तर कोरिया में 80 लोगों को फिल्म देखने के गंभीर अपराध में सरेआम फांसी दे दी गई.


फिल्म बनी फांसीउत्तर कोरिया में इस महीने की शुरुआत में 80 लोगों को सरेआम फांसी दे दी गई. सोमवार को यहां प्रकाशित एक रिपोर्ट के मुताबिक, इनमे से ज्यादातर पर दक्षिण कोरियाई टेलीविजन शो देखने का आरोप था. उत्तर कोरिया में विदेशी फिल्में खासतौर पर दक्षिण कोरियाई फिल्में देखना एक गंभीर अपराध है. एक अज्ञात सूत्र के हवाले से जुंगआंग इलबो अखबार ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया है कि उत्तर कोरिया के सात शहरों में गत तीन नवंबर को 80 लोगों को फांसी दी गई. स्टेडियम में दी फांसी
अखबार ने जिस सूत्र के हवाले से खबर दी है, वह उत्तर कोरिया के आंतरिक मामलों की अच्छी समझ रखता है और हाल ही में वहां से लौटा है. एक प्रत्यक्षदर्शी के हवाले से रिपोर्ट में कहा गया है कि प्रशासन ने सार्वजनिक रूप से दी गई फांसी को देखने के लिए 10000 से अधिक लोगों को वोनसान के उत्तरी भाग स्थित एक स्टेडियम में बुलाया गया था. दक्षिण कोरिया की वेबसाइट नार्थ कोरिया इंटलेक्चुअल वेबसाइट की रिपोर्ट के मुताबिक, उत्तर कोरिया प्रशासन अपनी जनता की मानसिकता में बदलाव को लेकर खासा डरा हुआ है. वह नहीं चाहता कि लोगों का दृष्टिकोण बदले, उनका विकास हो.

Posted By: Subhesh Sharma