ज़ंजीर अमिताभ राजी सलीमजावेद अड़े

2013-08-27T11:20:00+05:30

बॉलीवुड की मशहूर लेखक जोड़ी सलीमजावेद के तमाम विरोध के बावजूद 70 के दशक की क्लासिक फ़िल्म ज़ंजीर के रीमेक की रिलीज़ की तारीख़ तय कर दी गई है

फ़िल्म का प्रोमोशन जोर-शोर से शुरू हो चुका है. मगर सलीम-जावेद ने फ़िल्म के प्रदर्शन को अभी हरी झंडी नहीं दी है. केस अभी भी कोर्ट में है.
'ज़ंजीर' का रीमेक हिंदी और तेलुगु दोनों भाषाओँ में एक साथ शूट हुआ और अब एक ही तारीख यानी छह सितंबर को प्रदर्शित भी हो रही है.
फ़िल्म को लेकर सबसे बड़ा विवाद कॉपीराइट्स को लेकर रहा. जावेद अख्तर ने रॉयल्टी के रूप में तीन करोड़ की मांग की थी.
जावेद की शिकायत थी कि  फ़िल्म के मूल लेखक होने के नाते फ़िल्म की रीमेक बनाने से पहले उनसे अनुमति नहीं ली गई. फिलहाल मामला अदालत में है.
'नर्वस और असुरक्षित'

लेकिन नई 'ज़ंजीर' के निर्देशक अपूर्व लाखिया काफी नर्वस और असुरक्षित महसूस कर रहे हैं.
उन्होंने बीबीसी से ख़ास बातचीत में बताया, ''नर्वस और असुरक्षित होना बहुत ही स्वाभाविक है. हमारी न्याय व्यवस्था ही ऐसी है कि वह फैसला करने में वक़्त लगाती है. मुझे पूरा विश्वास है कि जो भी निर्णय आएगा वो उचित ही होगा."
वो कहते हैं, "फिलहाल मेरे निर्माताओं ने मुझे ये बताया है कि मेरी फ़िल्म 6 सितंबर को प्रदर्शित हो रही है. मैं उसी अंदाज़ से प्रोमोशन और दूसरी तैयारियां कर रहा हूँ.''
फ़रहान-ज़या, सलमान-सोहेल दोस्त हैं.
फ़िल्म का रीमेक बनाते समय मूल लेखक की अनुमति लेना कितना ज़रूरी होता है, यह सवाल पूछे जाने पर अपू्र्व ने कहा, ''मुझे इसका जवाब देना अच्छा लगता. मगर केस अभी भी कोर्ट में है तो इस बारे में मुझे बात करने की अनुमति नहीं है."
व्यवसायी और पुरानी 'ज़ंजीर' में पार्टनर रहे प्रिंस तुली ने अपूर्व लाखिया और फ़िल्म के निर्माताओं पर केस दर्ज किया है कि उन्होंने फ़िल्म की शूटिंग में उस मोटर बाइक का इस्तेमाल किया है जो उन्होंने लाखिया को दोस्ती में दी थी.
अपूर्व आगे कहते हैं, "लेकिन ईमानदारी से कहूँ तो मैंने इस ओर ज़रा भी ध्यान नहीं दिया. क्योंकि जोया और फ़रहान मेरे बहुत अच्छे दोस्त हैं. सलमान और सोहेल भाई के लिए मैं क्रिकेट खेलता हूँ. हम एक दूसरे से इस बारे में बातें करते ही नहीं. वे लोग भी निर्माता-निर्देशक हैं. उन्हें पता है कि इंडस्ट्री में ये सब होता ही रहता है. मगर मुझे ज्यादा बुरा ये लगा कि एक आदमी ने मुझ पर मोटर बाईक का केस ठोक दिया.''
रीमेक दो धारी तलवार होती है
मुंबई से आया मेरा दोस्त, एक अजनबी और मिशन इस्तांबुल के निर्देशक रह चुके अपूर्व का मानना है कि किसी भी नामी फ़िल्म की रीमेक बनाना दो धारी तलवार होती है.
वे बताते हैं, ''कई लोगों का मानना है कि क्लासिक को छूना नहीं चाहिए. और कई इसके हक में हैं. तो आप पर वो दबाव तो रहता ही है. मेरी 'ज़ंजीर' मूल फ़िल्म के फ़िल्मकारों को मेरा एक ट्रीब्यूट है. जो ये कहते हैं कि मैंने इस फ़िल्म का रीमेक बनाने की हिम्मत कैसे की, वो मेरा घर नहीं चलाते.''
अमिताभ को ट्रेलर पसंद

निर्देशक आशुतोष गोवारिकर के  सहायक रहे अपूर्व को भले फ़िल्म के लेखक सलीम-जावेद का विरोध झेलना पड़ा हो मगर फ़िल्म के हीरो अमिताभ बच्चन का उन्हें काफ़ी सहयोग मिला.
अपूर्व कहते हैं, ''अमित जी मुझे बहुत प्यार करते हैं. उन्हें और अभिषेक को प्रोमोज बहुत अच्छे लगे थे. उन्होंने ट्वीट भी किया था. मैं उनसे फ़िल्म के एक गाने 'मुंबई का हीरो' के संदर्भ में मिला था. मुझे उसमें उनकी आवाज़ इस्तेमाल करनी थी. उन्होंने हमेशा मुझे निजी रूप से सपोर्ट किया है.''
अपूर्व और अभिषेक गहरे दोस्त भी हैं. अपूर्व लाखिया की इस फ़िल्म के मुख्य कलाकार हैं प्रियंका चोपड़ा और संजय दत्त. फ़िल्म में अमिताभ बच्चन की भूमिका को दक्षिण भारत के अभिनेता रामचरण निभाया है. तेलुगु में इस फ़िल्म का नाम 'तूफ़ान' रखा गया है.


This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy  and  Cookie Policy.